अमरावती आंध्र प्रदेश की नई राजधानी बन गई है, इसकी जानकारी स्वयं आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री ने दी है,
मंगलवार 7 अप्रैल को स्वयं आंध्रप्रदेश के मुख्यमंत्री एन चंद्रबाबू नायडू ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट करके दी है,
अमरावती को प्रदेश की स्थाई राजधानी बनाने के लिए उन्होंने, राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का धन्यवाद भी किया है,
जानकारी हो, कुछ दिन पहले ही आंध्र प्रदेश पुनर्गठन संशोधन अधिनियम 2026 संसद के दोनों सदनों से पारित हुआ था,
इसके बाद 7 अप्रैल को राष्ट्रपति की मंजूरी मिलने के बाद इस विधेयक ने कानून का दर्जा ले लिया,
यह कार्यवाही हाल ही में संपन्न हुए संसद के बजट सत्र में पूरी करते हुए इसे संसद के दोनों सदनों से पास किया गया,
अमरावती को स्थाई राजधानी बनाने का वादा

2024 में संपन्न हुए आंध्र प्रदेश विधानसभा के चुनाव में चंद्रबाबू नायडू ने जनता से वादा किया था कि,
अगर हमारी सरकार बनती है तो, प्रदेश की 3 राजधानी मॉडल को खत्म करके एक स्थाई राजधानी बनाई जाएगी,
इसी शर्त के आधार पर 2024 में हुए लोकसभा के चुनाव में चंद्रबाबू नायडू ने मोदी सरकार को लोकसभा में समर्थन दिया था,
यही वजह है कि, लोकसभा में मोदी सरकार के बहुमत के समर्थन के रूप में तेलुगू देशम पार्टी का साथ मिला था,
राज्य में पहले था 3 राजधानी मॉडल

आंध्र प्रदेश की राजधानी प्रारंभ से ही हैदराबाद रही है, और यही राज्य की स्थाई राजधानी थी,
लेकिन मोदी सरकार की पहल पर साल 2014 में तेलंगाना नाम से नया राज्य बनाया गया,
इसके साथ ही हैदराबाद को तेलंगाना की राजधानी बना दिया गया और 10 वर्षों तक हैदराबाद दोनों राज्यों की राजधानी रही,
अपने दूसरे कार्यकाल के दौरान ही चंद्रबाबू नायडू चाहते थे कि अमरावती राज्य की स्थाई राजधानी बन जाए,
लेकिन 2019 में सरकार में आने के बाद जगनमोहन रेड्डी ने अमरावती में हो रहे विकास कार्यों पर रोक लगा दी,
और 3 राजधानी मॉडल के तहत विशाखापट्टनम, अमरावती और कुरनूल को राज्य की राजधानी बनाने का प्रस्ताव दिया,
इसके तहत, विशाखापट्टनम सरकार की कामकाजी, अमरावती विधायी और कुरनूल न्यायिक राजधानी बनानी थी,
किसानों ने दान की 34000 एकड़ जमीन

अमरावती को ग्रीन ब्लू सिटी बनाने के लिए किसानों ने यहां पर बहुत बड़ा निवेश करके अपना योगदान दिया है,
इसके तहत किसानों ने 34000 एकड़ अपनी भूमि अमरावती को ग्रीन ब्लू सिटी बनाने के लिए दान कर दी है,
इसके अतिरिक, सरकार ने 56000 एकड़ भूमि अमरावती की इस परियोजना को संपन्न कराने के लिए खरीदी भी है,
फिलहाल, अमरावती को ब्लू ग्रीन सिटी बनाने के लिए 56000 करोड रुपए से 91 परियोजना संचालित हो रही हैं,
