CJP protest Live: कॉकरोच जनता पार्टी दिल्ली के जंतर मंतर में आज शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रही है,
यह प्रदर्शन सुबह 9:00 बजे से शुरू हो गया है, जिसमें ज्यादा से ज्यादा लोगों को शामिल होने के लिए आमंत्रित किया गया है।
प्रदर्शनकारी दिल्ली पुलिस की लाठियों और खुद को शांति भंग में जेल जाने से बचाने के लिए पुलिस को देने के लिए फूल भी लाएंगे।
हालांकि कॉकरोच जनता पार्टी CJP के जननायक और संस्थापक अभिजीत दीपके सुबह 7:45 बजे अमेरिका से भारत आ गए हैं।
अभी कोई अनुमति नहीं : दिल्ली पुलिसकर्मी

मीडिया द्वारा दिल्ली पुलिस से यह पूछने पर कि, क्या कॉकरोच जनता पार्टी के अधिकारियों ने औपचारिक रूप से इसकी अनुमति ली है?
जवाब में, दिल्ली पुलिस के अधिकारियों ने बताया कि, हमें सोशल मीडिया से इस प्रदर्शन के बारे में जानकारी मिली है।
आधिकारिक या औपचारिक रूप से इस प्रदर्शन की किसी भी अधिकारी या नियुक्त किए गए प्रवक्ता ने लिखित में अनुमति नहीं ली है।
मांगेंगे धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा
आपको बता दें कि, कुछ दिन पहले ही नीट पेपर लीक हुआ था, जिसके दम पर ही कॉकरोच जनता पार्टी प्रभावशाली हुई।
यही कारण है कि इस जबरदस्त आंदोलन का मुख्य मकसद, केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा मांगना है।
इसके अतिरिक्त आंदोलन का मकसद, देश में बढ़नी बेरोजगारी और लगातार बढ़ती जा रही महंगाई की खिलाफत करना भी है।
छात्रों के हित में नहीं है सीजेपी का आंदोलन

आंदोलन में विभिन्न राजनीतिक दलों और छात्रो को आमंत्रित किया गया है, लेकिन विश्लेषकों की अलग ही राय है।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह आंदोलन छात्रों के हित में कम लेकिन राजनीति से प्रेरित ज्यादा है।
इसीलिए गंभीर छात्रों के इस आंदोलन में पहुंचने की संभावना काम ही है, जो इस प्रदर्शन को कमजोर कर सकता है।
इसीलिए, विशेषकों का कहना है कि, इस आंदोलन और सीजेपी को विभिन्न राजनीतिक पार्टियों का समर्थन मिल चुका है,
इसकी संभावना कम ही है कि, यह आंदोलन राजनीति से मुक्त और छात्रों तथा युवाओं के हित में होगा?
राजनीतिक दलों का समर्थन
कॉकरोच जनता पार्टी एक सेकुलर और वामपंथी समर्थन से बनी राजनीतिक पार्टी समझ आती है,
यही कारण है कि, पार्टी और इसके आंदोलन को भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस, आम आदमी पार्टी सहित कई राजनीतिक दलों का समर्थन है।
संभावना जताई जा रही है कि, प्रत्यक्ष रूप से नहीं तो अपनी छात्र विंग के जरिए विपक्षी दल इस आंदोलन को समर्थन दे रहे हैं।
